जब भी भारत में JEE या NEET की कोचिंग की बात आती है, तो दशकों से कोटा का नाम सबसे पहले लिया जाता रहा है। किन्तु पिछले एक दशक में, राजस्थान का ही एक अन्य शहर सीकर एक गंभीर और विश्वसनीय विकल्प के रूप में तेजी से उभरा है। यह बदलाव केवल भौगोलिक नहीं, बल्कि शैक्षणिक गुणवत्ता, सुविधाओं, फीस और परिणामों के मामले में एक बड़े बदलाव का संकेत है। आज, लाखों अभिभावक और छात्र सीकर बनाम कोटा के इस प्रश्न पर गहन विचार कर रहे हैं। यह लेख दोनों शहरों की एक निष्पक्ष, तथ्य-आधारित तुलना प्रस्तुत करता है, ताकि आप अपने बच्चे के भविष्य के लिए सही निर्णय ले सकें।
आज के इस लेख में हम आपके साथ सीकर या कोटा में कौन सा बेहतर है (Kota vs Sikar) के बारे में ही चर्चा करने वाले हैं। साथ ही आपको यहाँ यह भी जानने को मिलेगा कि सीकर या कोटा में से कौन सा बेहतर है या दोनों ही अब बराबर हो चुके हैं। आइये जाने कोटा या सीकर में से कौन बेहतर है।
सीकर बनाम कोटा: एक तुलनात्मक विश्लेषण
अब यदि यहाँ बात कोटा बनाम सीकर की हो रही है तो यहाँ हम एक बात पहले ही स्पष्ट कर दें कि कोटा देशभर में JEE व NEET की कोचिंग देने के मामले में बेस्ट इंस्टीट्यूट की संख्या के साथ नंबर एक पर बना हुआ है। तभी वहां देशभर के तमाम राज्यों से लाखों छात्र कोचिंग ले रहे हैं लेकिन अब सीकर शहर कोटा की टक्कर में कैसे आ गया है, यह जानना भी बहुत रोचक बात है। यह ब्लॉग दोनों शहरों को कोचिंग केन्द्रों के रूप में उनके मूलभूत पहलुओं जैसे संस्थानों की गुणवत्ता, फैकल्टी, वातावरण और लागत के आधार पर समझने में मदद करता है। यह केवल प्रसिद्धि की तुलना नहीं, बल्कि एक छात्र की दैनिक ज़िंदगी, शैक्षणिक दबाव और सफलता की संभावना को प्रभावित करने वाले कारकों की गहन जांच है।
एक ओर जहाँ देश की मेट्रो सिटीज जैसे कि दिल्ली, मुंबई, जयपुर, अहमदाबाद इत्यादि में तरह-तरह के कोचिंग सेंटर की बड़ी-बड़ी बिल्डिंग खड़ी हो चुकी है और वो भी सीकर से पहले तो भी राजस्थान का यह मध्यम दर्जे का शहर देश में कोचिंग कैपिटल ऑफ इंडिया कहलाए जाने वाले कोटा की टक्कर में आखिरकार कैसे आ गया!! हमने इस बारे में बहुत ही गहनता के साथ विश्लेषण किया है जो अब हम आपके सामने रखने जा रहे हैं।
1. कोचिंग संस्थानों की गुणवत्ता और चुनाव
कोटा में कोचिंग संस्थानों की संख्या अधिक है, जिसमें एलन, रेजोनेंस, और बंसल जैसे बड़े ब्रांड शामिल हैं। यह विविधता चुनाव का भ्रम पैदा कर सकती है। वहीं सीकर में चुनिंदा, लेकिन अत्यधिक फोकस्ड और रिजल्ट-ओरिएंटेड संस्थान हैं। सीकर के शीर्ष संस्थानों ने कोटा के स्तर की शैक्षणिक संरचना, अध्ययन सामग्री और टेस्टिंग सिस्टम को अपनाया है, लेकिन अक्सर अधिक व्यक्तिगत ध्यान के साथ।
सीकर के प्रमुख संस्थान:
2. फैकल्टी और शिक्षण पद्धति
फैकल्टी की गुणवत्ता किसी भी कोचिंग की रीढ़ होती है। कोटा में बड़े नामों के पास अनुभवी फैकल्टी का एक विशाल पूल है। हालाँकि, कई बड़े बैचों में छात्र-शिक्षक अनुपात अधिक हो सकता है। सीकर के शीर्ष संस्थानों ने IIT/NIT/AIIMS पृष्ठभूमि वाली अनुभवी फैकल्टी को आकर्षित किया है, और अक्सर यहाँ बैच का आकार नियंत्रित रहता है। इसका सीधा लाभ यह है कि छात्र-शिक्षक अनुपात बेहतर रहता है, जिससे डाउट क्लीयरिंग और व्यक्तिगत मार्गदर्शन आसान हो जाता है।
अब जरा गहनता से इस बात का विश्लेषण करते हैं। मान लीजिये कोटा में टॉप फैकल्टी की संख्या 50 है लेकिन यदि वे 50 सर कोटा के 25 अलग-अलग इंस्टीट्यूट में फैले हुए हैं तो हरेक इंस्टीट्यूट में आपको बढ़िया लेवल की दो ही फैकल्टी मिलेगी। वहीं दूसरी ओर, सीकर में 25 टॉप लेवल की फैकल्टी है और वे सीकर के 5 टॉप इंस्टीट्यूट में फैली हुई है तो इस हिसाब से सीकर के एक इंस्टीट्यूट में 5 टॉप फैकल्टी से पढ़ने का मौका मिलेगा।
3. शैक्षणिक वातावरण और दबाव प्रबंधन
कोटा का वातावरण अत्यधिक प्रतिस्पर्धी और तीव्र गति वाला है, जो कुछ छात्रों को प्रेरित करता है, लेकिन कईयों पर अतिरिक्त मानसिक दबाव भी डाल सकता है। सीकर का माहौल अपेक्षाकृत संतुलित और सहायक बताया जाता है। प्रतिस्पर्धा है, लेकिन अक्सर यह स्वस्थ और सकारात्मक रहती है। यह उन छात्रों के लिए फायदेमंद हो सकता है जो कोटा के अति-प्रतिस्पर्धी दबाव में असहज महसूस करते हैं।
4. आर्थिक पहलू: फीस और रहने की लागत
यह एक बड़ा निर्णायक कारक है। कोटा में प्रतिष्ठित कोचिंग की फीस और रहने-खाने की लागत सीकर की तुलना में काफी अधिक है। सीकर में बेस्ट कोचिंग सेंटर्स में आपको कोटा के मुकाबले कम फीस में वैसी ही सुख-सुविधाएँ, स्टडी मटेरियल, टॉप फैकल्टी इत्यादि सब मिलेगा। अब यदि कम पैसों में ही काम बन जा रहा है और वही सब कुछ मिल रहा है तो फिर क्यों ही बिना मतलब के ज्यादा पैसा खर्च करना। और यह बात तो हम भारतीयों से बेहतर और कौन ही समझेगा। वहीं सीकर के टॉप कोचिंग सेंटर जैसे कि मैट्रिक्स, प्रिंस इत्यादि में रहने के लिए सही बजट में हॉस्टल की भी सुविधा है।
| कारक | कोटा | दिल्ली | सीकर |
|---|---|---|---|
| वार्षिक कोचिंग फीस (अनुमानित) | ₹1,50,000 – ₹2,50,000 | ₹2,00,000 – ₹4,00,000 | ₹1,10,000 – ₹1,20,000 (Matrix/CLC/Allen) |
| हॉस्टल/आवास शुल्क (मासिक) | ₹8,000 – ₹20,000 | ₹10,000 – ₹25,000 | ₹6,000 – ₹10,000 (सस्ता विकल्प) |
| जीवनयापन की कुल लागत (वार्षिक) | ₹3,00,000 – ₹5,00,000 | ₹4,00,000 – ₹6,50,000 | ₹2,50,000 – ₹3,00,000 |
सीकर में समान स्तर की शिक्षा और सुविधाएं कम खर्च में मिल जाती हैं, जिससे मध्यमवर्गीय परिवारों के लिए यह एक आकर्षक विकल्प बन जाता है।
सीकर का तेजी से बढ़ता रिजल्ट ग्राफ
जो एक चीज़ सीकर को कोटा के मुकाबले बराबरी पर लाकर खड़ा करती है और इसमें भारत के अन्य मेट्रो शहर पिछड़े जा रहे हैं, वह है सीकर के टॉप कोचिंग इंस्टीट्यूट में पढ़ रहे छात्रों का JEE व NEET को क्रैक करना। अब इसमें भी समझने की जरुरत है क्योंकि आप न्यूज़ में पढ़ते होंगे कि इस वर्ष भी कोटा से सर्वाधिक छात्रों ने JEE या NEET क्रैक किया और सीकर में यह संख्या कम रही। तो यहाँ आप समझिये कि यदि कोटा में एक लाख बच्चे पढ़ रहे हैं और उसमे से एक हज़ार ही ने JEE या NEET क्रैक किया है तो उसका सक्सेस रेट एक प्रतिशत हुआ। जबकि सीकर में 10 हज़ार बच्चो में से 250 ने JEE व NEET क्रैक किया तो वहां का सक्सेस रेट 2.5 प्रतिशत हो गया। अब आप खुद अनुमान लगा लीजिये कि किस शहर का रिजल्ट ज्यादा बेहतर है।
सफलता दर केवल टॉपर्स की संख्या नहीं, बल्कि कुल छात्रों के सापेक्ष चयनित होने वाले छात्रों का प्रतिशत है। कोटा से हर साल हजारों चयन होते हैं क्योंकि वहां छात्रों की संख्या भी लाखों में है। सीकर में छात्र संख्या कम है, लेकिन सफलता का प्रतिशत (सक्सेस रेट) प्रभावशाली है।
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मात्रात्मक उदाहरण: यदि कोटा के एक संस्थान में 10,000 छात्रों में से 1,000 का चयन होता है, तो सफलता दर 10% है।
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सीकर का परिदृश्य: सीकर के एक शीर्ष संस्थान में यदि 1,000 छात्रों में से 200 का चयन होता है, तो सफलता दर 20% हो जाती है।
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तथ्य: सीकर के शीर्ष संस्थान, विशेषकर मैट्रिक्स और गुरुकृपा, लगातार उच्च सफलता दर दर्ज कर रहे हैं। उदाहरण के लिए, मैट्रिक्स से हर साल कई छात्र JEE में 99+ पर्सेंटाइल और NEET में 650+ स्कोर हासिल करते हैं, और राज्य स्तर की मेरिट लिस्ट में स्थान बनाते हैं।
इससे स्पष्ट है कि सीकर का शैक्षणिक ढांचा गुणवत्तापूर्ण और प्रभावी है। अब यदि हम सीकर के सबसे बेस्ट कोचिंग सेंटर की बात करें जिसके बच्चों ने सबसे ज्यादा नंबर पाए हैं या टॉप 10 में जगह बनायी है तो उसमे मैट्रिक्स इंस्टीट्यूट का नाम आता है। सीकर के टॉप 10 में से अकेले 6 बच्चे तो केवल इसी संस्थान के हैं और बाकि 4 सीकर के अलग-अलग कोचिंग सेंटर से हैं।
क्या सीकर आईआईटी जेईई के लिए अच्छा है?
बेशक, इसमें कोई दो राय नहीं है कि सीकर शहर कोटा के मुकाबले किसी भी चीज़ में JEE की बेस्ट कोचिंग देने में कम है। हालाँकि कोटा में JEE कोचिंग के लिए कई संस्थान हैं लेकिन सीकर के टॉप JEE कोचिंग सेंटर में उसी स्तर की सुविधा दी जा रही है जिसका प्रमाण हमें वहां से IIT में सेलेक्ट हो रहे छात्रों की संख्या देखने पर मिलता (Is Sikar Good For IIT JEE) है। उदाहरण के तौर पर सीकर की ही मैट्रिक्स जेईई अकैडमी से हर वर्ष IIT क्लियर करने वाले छात्रों की संख्या बढ़ती ही जा रही है जिनमें से कुछ तो 100%tile लेकर आये हैं।
आइये सीकर के दो बेस्ट IIT इंस्टिट्यूट के बारे में जान लेते हैं:
मैट्रिक्स जेईई अकैडमी (Matrix JEE Academy)
अब यदि आपको सीकर शहर में इंजीनियरिंग कॉलेज में प्रवेश पाने के लिए IIT JEE की तैयारी करने आना है तो उसके लिए सीकर की सबसे बेस्ट IIT अकैडमी मैट्रिक्स JEE अकैडमी रहने वाली (Matrix JEE Academy) है। ऐसा हम नहीं बल्कि हर वर्ष सीकर शहर में JEE की परीक्षा में टॉप करने वाले छात्रों का आंकड़ा कह रहा है। फिर चाहे वह सीकर शहर के टॉपर मयंक सोनी हो या मोहित, अमन व आतिश जैसे होनहार विधार्थी। हर वर्ष मैट्रिक्स अकैडमी से JEE की परीक्षा में चयनित होने वाले छात्रों का आंकड़ा बढ़ता ही जा रहा है।
एलन, सीकर (Allen Sikar)
अब आपने एलन कोटा का नाम तो सुन ही रखा होगा जो आज के समय में एक ब्रांड बन चुका (Allen Sikar) है। ऐसे में एलन ने अपनी एक ब्रांच सीकर शहर में भी खोली है क्योंकि हर वर्ष लाखों छात्र JEE की तैयारी करने के लिए सीकर शहर जा रहे हैं। ऐसे में सीकर में एलन का मैट्रिक्स के बाद दूसरा स्थान है। हालाँकि एलन अपना रिजल्ट सभी शाखाओं को मिलाकर निकालता है, ना कि एलन सीकर का अलग से।
क्या सीकर नीट के लिए अच्छा है?
जब भी JEE या NEET की कोचिंग की बात की जाती है तो दोनों की साथ में ही बात की जाती है क्योंकि दोनों में बहुत कुछ कॉमन होता है। अब सीकर JEE में कोटा के बराबर आ खड़ा हुआ है तो भला NEET में वह कैसे पीछे रह सकता था। JEE की तरह ही NEET में भी मैट्रिक्स नीट डिवीज़न ने बहुत अच्छा काम किया है जहाँ से प्रतिवर्ष सैकड़ों छात्र इसे क्लियर कर रहे हैं। वहीं इसमें सीकर के ही एलन, गुरुकृपा व प्रिंस ने भी बहुत अच्छा काम किया है।
आइये सीकर के दो बेस्ट NEET इंस्टिट्यूट के बारे में जान लेते हैं:
मैट्रिक्स नीट डिवीजन (Matrix NEET Division)
जो छात्र मेडिकल कॉलेज में प्रवेश पाने के लिए नीट की तैयारी कर रहा होता है, उसे सामान्य तौर पर 3 से 5 वर्ष का समय लग जाता है। किन्तु जब हमने मैट्रिक्स नीट डिवीजन में पढ़ रहे (Matrix NEET Division) छात्रों के बारे में रिसर्च की तो पता चला कि वहां यह समय 2 से 3 वर्ष का ही है जो कि अद्भुत है। ऐसा इसलिए क्योंकि मैट्रिक्स नीट डिवीजन ने ना केवल बेस्ट नीट फैकल्टी ली हुई है बल्कि यहाँ अलग से डाउट सेंटर बनाये गए हैं। अब छात्रों के समय पर डाउट सोल्व हो जाए तो फिर उनके सिलेक्शन की संभावनाएं भी बढ़ जाती है।
गुरुकृपा सीकर (Gurukripa, Sikar)
सीकर शहर में नीट की तैयारी करने के लिए मैट्रिक्स के बाद जिस दूसरे इंस्टिट्यूट का नाम लिया जाता है, वह गुरुकृपा करियर इंस्टिट्यूट है। आज से कुछ वर्षों पहले तक एलन सीकर का नाम इस लिस्ट में दूसरे नंबर पर (Gurukripa Career Institute) था लेकिन गुरुकृपा ने अपने यहाँ नीट की तैयारी करवाने के लिए बहुत सुधार किया है जिस कारण यह एलन सीकर को पछाड़ कर दूसरे स्थान पर आ पहुंचा है। हालाँकि गुरुकृपा को मैट्रिक्स अकैडमी से टक्कर लेने के लिए अभी बहुत मेहनत करने की जरुरत है।
सीकर के शीर्ष JEE/NEET कोचिंग संस्थानों की सूची
नीचे दी गई तालिका में सीकर शहर के प्रमुख JEE (इंजीनियरिंग) एवं NEET (मेडिकल) प्रवेश परीक्षाओं की तैयारी कराने वाले शीर्ष कोचिंग संस्थानों का विवरण है। यह रैंकिंग संस्थानों की शैक्षणिक गुणवत्ता, फैकल्टी, अवसंरचना, परिणामों और छात्रों में प्रतिष्ठा के समग्र मूल्यांकन पर आधारित है।
| क्रम | संस्थान का नाम | स्थापना वर्ष (सीकर में) | विशेषज्ञता (JEE/NEET) | प्रमुख विशेषताएं | अनुमानित वार्षिक शुल्क (लगभग) |
|---|---|---|---|---|---|
| 1 | मैट्रिक्स जेईई/नीट एकेडमी | 2010 | JEE & NEET (दोनों) | IIT/NIT/AIIMS पृष्ठभूमि वाली फैकल्टी, स्वनिर्मित उच्च-स्तरीय सामग्री, नियमित टेस्ट सीरीज, डेडिकेटेड डाउट रिजॉल्यूशन | ₹1,00,000 – ₹1,40,000 |
| 2 | गुरुकृपा करियर इंस्टीट्यूट (GCI) | 2015 | NEET पर मजबूत, JEE भी | NEET विशेष पहचान, कॉन्सेप्ट-क्लियरिंग, व्यक्तिगत ध्यान, सकारात्मक शिक्षण माहौल | ₹90,000 – ₹1,30,000 |
| 3 | एलन करियर इंस्टीट्यूट, सीकर | 2012 | JEE & NEET (दोनों) | राष्ट्रीय एलन ब्रांड, मानकीकृत सामग्री, ऑल इंडिया टेस्ट सीरीज, डिजिटल लर्निंग | ₹1,20,000 – ₹1,80,000 |
| 4 | प्रिंस करियर पायनियर (PCP) | 2017 | JEE & NEET (दोनों) | गतिशील शिक्षण, युवा फैकल्टी, छोटे बैच, प्रतिस्पर्धी फीस, छात्र कल्याण | ₹80,000 – ₹1,20,000 |
| 5 | कौटिल्य कोचिंग इंस्टीट्यूट | 2014 | JEE पर ध्यान केंद्रित | JEE मेन/एडवांस्ड रणनीतिक तैयारी, प्रश्न-आधारित शिक्षण, टॉपिक-वाइज वर्कशॉप | ₹85,000 – ₹1,25,000 |
| 6 | ए-वन कोचिंग सेंटर | 2018 | NEET पर ध्यान केंद्रित | मेडिकल परीक्षाओं में विशेषज्ञता, NCERT-आधारित + उन्नत प्रश्न, रिवीजन कैंप | ₹75,000 – ₹1,10,000 |
निष्कर्ष:
बस ऊपर-ऊपर से नज़र मारने पर या आंकड़ों को पढ़ने पर आपको पहली बार में यही लगेगा कि यदि हमें JEE या NEET की कोचिंग लेनी है तो उसके लिए भारत का सबसे बेस्ट शहर कोटा ही होगा लेकिन यदि आप इस पर बारीकी से नज़र (Sikar Vs Kota) डालेंगे और गहनता से विश्लेषण करेंगे तो पाएंगे कि सीकर इस मामले में कोटा से बहुत बेहतर प्रदर्शन कर रहा है।
साथ ही पिछले कुछ वर्षों से जिस तेजी के साथ सीकर के टॉप कोचिंग सेंटर्स और वहां पढ़ रहे छात्रों ने JEE व NEET में प्रदर्शन किया है, उसके बाद से यह पूरे देशभर के छात्रों की नज़र में आ गया है। ऐसे में आप यदि सीकर या उसके आसपास के किसी शहर में रहते हैं तो फिर तो आपको सोचने की जरुरत ही नहीं है क्योंकि आपके लिए तो सीकर ही बेस्ट है। वहीं यदि आप किसी अन्य राज्य में रहते हैं तो आप एक बार सीकर बनाम कोटा में से किसी एक को चुनने से पहले मंथन अवश्य कर लें।
इन्हें भी पढ़ें:
- सीकर कोचिंग के लिए बेस्ट क्यों है?
- सीकर के बेस्ट JEE कोचिंग सेंटर
- सीकर के बेस्ट आईआईटी कोचिंग सेंटर
- सीकर में नीट के बेस्ट कोचिंग सेंटर
- सीकर के टॉप कोचिंग इंस्टीट्यूट

